Cricket
oi-Naveen Sharma
Year
Ender
2025:
साल
2025
टेस्ट
क्रिकेट
के
इतिहास
में
बल्लेबाजों
की
धाक
और
रिकॉर्ड
ब्रेकिंग
प्रदर्शन
के
लिए
हमेशा
याद
किया
जाएगा।
दुनिया
भर
के
क्रिकेटरों
ने
अपनी
निरंतरता
और
ज़बरदस्त
फॉर्म
से
लंबी
पारियां
खेलीं,
लेकिन
कुछ
ही
खिलाड़ी
ऐसे
रहे
जिन्होंने
शतकों
सर
प्रभाव
छोड़ने
में
सफलता
पाई।
शतक
जड़ने
की
इस
रोमांचक
रेस
में
भारतीय
और
इंग्लिश
बल्लेबाजों
ने
सबसे
ज़्यादा
दबदबा
बनाया।
इस
‘ईयर-एंडर’
में
हम
उन
5
बल्लेबाजों
के
बारे
में
जानने
का
प्रयास
करते
हैं
जिन्होंने
पूरे
साल
सबसे
ज़्यादा
बार
तीन
अंकों
का
आंकड़ा
छुआ।

शुभमन
गिल
2025
का
साल
पूरी
तरह
से
भारतीय
कप्तान
शुभमन
गिल
के
नाम
रहा।
उन्होंने
सिर्फ
9
टेस्ट
मैचों
में
5
शतक
जड़कर
शतकों
की
रेस
में
पहला
स्थान
हासिल
किया।
उनका
269
का
विशाल
स्कोर
उनकी
साल
की
सबसे
बड़ी
उपलब्धि
थी।
कप्तानी
की
जिम्मेदारी
के
साथ-साथ
उनके
बल्ले
से
निकली
यह
निरंतरता
बताती
है
कि
वह
भारतीय
टेस्ट
क्रिकेट
के
भविष्य
हैं।
जो
रूट
इंग्लैंड
के
पूर्व
कप्तान
जो
रूट
अपनी
बेहतरीन
फॉर्म
को
2025
में
भी
जारी
रखा।
उन्होंने
सिर्फ
8
मैचों
में
4
शतक
लगाकर
दूसरे
स्थान
पर
कब्जा
जमाया।
रूट
ने
अपनी
पारी
को
बड़ी
पारियों
में
बदलने
की
कला
का
प्रदर्शन
किया,
जिसमें
उनका
150
का
स्कोर
शामिल
है।
उनका
यह
प्रदर्शन
दिखाता
है
कि
वह
अभी
भी
‘फैब
4’
(Fab
4)
के
सबसे
महत्वपूर्ण
स्तंभों
में
से
एक
हैं।
अभी
इस
महीने
वह
और
खेलेंगे,
हो
सकता
है
कि
वह
गिल
को
पछाड़कर
आगे
निकल
जाएं।
नजमुल
हुसैन
शांतो
बांग्लादेश
के
लिए
यह
साल
नजमुल
हुसैन
शांतो
के
नाम
रहा।
उन्होंने
कम
मैचों
(6)
में
ही
3
शतक
जड़कर
अपनी
विस्फोटक
प्रतिभा
का
परिचय
दिया।
शांतो
ने
दिखाया
कि
वह
लंबी
पारियां
खेलने
में
सक्षम
हैं
और
अब
बांग्लादेशी
बल्लेबाजी
क्रम
की
रीढ़
बन
चुके
हैं।
उनका
148
का
उच्चतम
स्कोर
उनकी
आक्रामक
लेकिन
संयमित
शैली
को
दर्शाता
है।
यशस्वी
जायसवाल
भारतीय
युवा
सलामी
बल्लेबाज
यशस्वी
जायसवाल
ने
2025
में
अपनी
प्रतिभा
को
एक
नए
स्तर
पर
पहुंचाया।
10
मैचों
में
3
शतक
लगाने
वाले
जायसवाल
ने
अपनी
आक्रामक
शैली
से
विरोधी
गेंदबाजों
को
परेशान
किया।
उनका
175
का
उच्चतम
स्कोर
यह
दिखाता
है
कि
वह
बड़ी
पारियां
खेलने
की
भूख
रखते
हैं
और
भारतीय
टीम
के
लिए
एक
महत्वपूर्ण
सलामी
बल्लेबाज
के
रूप
में
स्थापित
हो
चुके
हैं।
केएल
राहुल
इस
सूची
में
अंतिम
लेकिन
महत्वपूर्ण
नाम
केएल
राहुल
का
है।
10
मैचों
में
3
शतक
लगाकर
उन्होंने
टेस्ट
क्रिकेट
में
अपनी
सफल
वापसी
को
सुनिश्चित
किया।
उनका
137
का
उच्चतम
स्कोर
दर्शाता
है
कि
वह
परिपक्वता
के
साथ
जिम्मेदारी
निभाते
हैं।
राहुल
ने
मध्यक्रम
में
स्थिरता
प्रदान
की,
जो
टीम
इंडिया
के
लिए
अत्यधिक
मूल्यवान
साबित
हुई।






